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R. भारत के खुलासे पर भागे कांग्रेसी नेता, राहुल के सवाल पर साधी चुप्पी

Written By Ayush Sinha | Mumbai | Published:

राहुल का हाथ घोटालेबाजों के साथ, खुलासे के बाद पूरे देश की सियासी सरगर्मी काफी बढ़ गई है। लोकसभा चुनाव 2019 से पहले रिपब्लिक भारत के सबसे बड़े खुलासे के बाद जहां एक तरफ कांग्रेस पार्टी और राहुल गांधी को सांप सूंघ लिया है। इस मुद्दे पर किए गए सवालों का कोई कांग्रेसी नेता सीधा-सीधा जवाब नहीं दे रहा है।

2जी के आरोपी संजय चंद्रा और 2013 में हुए एनएसईएल घोटाले के कर्ताधर्ता जिग्नेश शाह से राहुल गांधी और प्रियंका वाड्रा के संबंध को लेकर खुलासे के बाद राजनीतिक गलियारों में हड़कंप मच गया है।

इस SUPER EXCLUSIVE खुलासे पर  बौखलाए कांग्रेसी नेता कपिल सिब्बल ने कहा, ''जिन घोटालों में बीजेपी नेताओं के नाम हैं, उनकी जांच क्यों नहीं हो रही है। पीएम मोदी से पूछिए, बिरला सहारा डायरी में उनका और अमित शाह का नाम कैसे आया? मध्य प्रदेश में व्यापम स्कैम का क्या हुआ? व्यापम घोटाले की अब तक जांच क्यों नहीं हुई? छत्तीसगढ़ के घोटालों की जांच क्यों नहीं हुई?''

वहीं खुलासे पर कांग्रेस नेता गुलाम नबी आजाद ने सफाई दी है। उन्होंने बोला कि कांग्रेस का कोई लीडर बिजनेस डील नहीं करता है। बिजनेस डील करना प्रधानमंत्री मोदी और बीजेपी अध्यक्ष अमित शाह का काम है।

रिपब्लिक भारत के संवाददाता ने इस मसले से जुड़ा सवाल दिल्ली की पूर्व मुख्यमंत्री और दिल्ली कांग्रेस कमेटी की अध्यक्ष शीला दीक्षित से पूछा तो उन्होंने चुप्पी साध ली और कुछ भी जवाब देने से मना कर दिया।

रिपब्लिक के इस खुलासे को लेकर सचिन पायलट ने उल्टे आरोप लगाने शुरू कर दिए। राहुल गांधी के घोटालेबाजों से संबंध को लेकर रिपब्लिक भारत के खुलासे पर सचिन पायलट का कहना है कि बीजेपी की सरकार है, उन्होंने क्यों नहीं इसकी जांच की। वे केवल चरित्र हनन कर रहे हैं लेकिन तथ्यों पर बात नहीं कर रहे हैं।

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इसके अलावा राहुल गांधी स्कैमस्टर लिंक को लेकर आनंद शर्मा से किए गए सवाल पर वो गोल-मोल जवाब देने लगे। इस सवाल के जवाब में उन्होंने कहा कि बीजेपी में फूट है। ये सब झूठ हैं, हम नौकरियों के बारे में पूछना चाहते हैं। पीएम बौखला गए हैं, बीजेपी को सामने पराजय दिख रहा है।

रिपब्लिक भारत के खुलासे पर बोले अश्वनी कुमार। उन्होंने कहा कि कोई व्यक्ति मकान मालिक और किराएदार हो सकता है। इसमें क्या बुराई है, मैंने अभी वो एग्रीमेंट नहीं देखा है और वित्त मंत्री को भी आजकल कोई और काम नहीं है।

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