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तिरंगे के रंग में रंगा आल्प्स पर्वत, कोरोना से जंग में दी भारत को सलामी

Written By Digital Desk | Mumbai | Published:

कोविड-19 महामारी के खिलाफ भारत के सराहनीय कदम की हर किसी ने प्रशंसा की है। हिंदुस्तान न केवल अपने लोगों की जान बचाने में जुटा हुआ है बल्कि दूसरे देशों को भी मदद पहुंचा रहा है। आज हमारा तिरंगा स्विट्जरलैंड के आल्प्स के मैटरहॉर्न पर्वत पर चमकता हुआ दिखाई दिया।
 
मशहूर स्विस लाइट आर्टिस्ट गेरी हॉफसेट्टर पिछले महीने से विभिन्न देशों के झंडे पर्वत पर उकेर रहा है। अबतक वह संयुक्त राज्य अमेरिका (यूएस), यूनाइटेड किंगडम (यूके), जापान, स्पेन जैसे कई देशों के झंडे 14,690 फीट ऊँचे पहाड़ पर सजा चुके हैं। उनकी इस पहल से दुनिया में आशा की ज्योति जली है ताकि सारे देश एकजुट होकर इस जानलेवा वायरस को हरा सकें। गेरी हॉफसेट्टर ने खुलासा किया कि प्रकाश की ये चमक इन अंधेरे समय के दौरान 'आशा' के विचार को व्यक्त करती है।​​​​​​​

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उन्होंने लिखा-“प्रकाश का मतलब आशा और उम्मीद होता है। ऐसे समय में जब दुनिया कोरोना जैसे संकट का सामना कर रही है। उनके जज्बे को सलाम करने के लिए ऐसा किया गया है, ताकि ये संदेश जाए कि पूरी दुनिया इस महामारी के खिलाफ एकजुटता के साथ लड़ रही है और इस लड़ाई में हम कामयाब होंगे।”

वही एकजुटता के इस प्यारे प्रदर्शन के लिए उन्हें धन्यवाद देते हुए, भारतीय विदेश सेवा अधिकारी गुरलीन कौर ने इस सम्मान के बाद दोनों देशों की दोस्ती को "हिमालय से आल्प्स" का नाम दिया है।

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भी इस खूबसूरत नज़ारे की तस्वीर अपने ट्विटर अकाउंट पर साझा की है। उन्होंने स्विट्जरलैंड में भारतीय दूतावास के पोस्ट को रीट्वीट करते हुए लिखा कि पूरी दुनिया कोविड-19 की लड़ाई से एकजुट हो गयी है। मानवता निश्चित रूप से इस महामारी से जीतेगी।


बता दें कि दुनियाभर में शुक्रवार को कोरोना के 86,198 नए मामले सामने आए, जिसके बाद कुल मामलों की संख्या बढ़कर 22,48,500 से ज्यादा हो गयी है। कल का दिन भी कोरोना वायरस से हो रही मौतों के हिसाब से बेहद खराब साबित हुआ। इस घातक वायरस से दुनिया भर में 7382 लोगों ने अपनी जान गंवा दी है। वही भारत में कोरोना संक्रमित लोगों का आकड़ा 14,000 तक पहुँच गया है। 480 से ज्यादा लोग अपनी जान गवां चुके हैं।

साक्षी बंसल की रिपोर्ट