PTI
PTI

Cricket News

गौतम गंभीर की टिप्पणी पर विराट कोहली का पलटवार, "बाहर बैठे लोगों के बारे में सोचता तो घर पर बैठा होता"

Written By Press Trust of India (भाषा) | Mumbai | Published:

विराट कोहली ने गौतम गंभीर की टिप्पणी के संबंध में शुक्रवार को पूर्व सलामी बल्लेबाज का नाम लिये बिना कहा कि अगर वह यह सोचने लगे कि बाहर बैठे लोग क्या कह रहे हैं तो वह घर पर बैठे होते।

गंभीर की टिप्पणी के बारे में कोहली ने कहा, ‘‘निश्चित रूप से आप आईपीएल जीतना चाहते हो। मैं वही कर रहा हूं जो मुझसे करने की उम्मीद की जाती है। मैं परवाह नहीं करता कि मेरे आईपीएल जीतने या नहीं जीतने पर आलोचना की जायेगी। आप किसी भी तरह की सीमायें नहीं बनाते। मैं कोशिश करता हूं कि अपना सर्वश्रेष्ठ करूं, जितना कर सकता हूं। मैं सभी संभावित खिताब जीतना चाहता हूं, लेकिन कभी कभार ऐसा नहीं होता। ’’

कोहली ने कहा, ‘‘हमें इसके बारे में व्यवहारिक होना चाहिए कि हम ऐसा क्यों नहीं कर सके। ऐसा दबाव भरे हालत में खराब फैसले करने से हुआ। अगर मैं बाहर बैठे लोगों की तरह सोचने लगूं तो मैं पांच मैच तक भी नहीं खेल सकूंगा और मैं घर पर बैठा होता। ’’

गौतम गंभीर ने बीते दिनों कोहली की कप्तानी पर सवाल खड़े करते हुए कहा था कि वो ‘चतुर कप्तान’ नहीं हैं और इस मामले में उनकी तुलना भारत के पूर्व कप्तान महेन्द्र सिंह धोनी और सीमित ओवरों के प्रारूप में टीम के उपकप्तान रोहित शर्मा से नहीं की जा सकती।

महेन्द्र सिंह धोनी और रोहित शर्मा की कप्तानी में चेन्नई सुपरकिंग्स और मुंबई इंडियन्स ने तीन-तीन बार इंडियन प्रीमियर लीग के खिताब जीते हैं।

अपनी कप्तानी में कोलकाता नाईट राइडर्स (केकेआर) को 2012 और 2014 में चैम्पियन बनाने वाले गंभीर ने कहा कि कोहली भाग्यशाली हैं कि कप्तान के तौर पर पिछले आठ साल से टीम को खिताब नहीं दिला पाने के बाद भी वह रॉयल चैलेंजर बेंगलूर के साथ बने हुए हैं।

गंभीर ने कहा, ‘‘मैं उन्हें चतुर कप्तान के तौर पर नहीं देखता हूं। मैं उन्हें रणनीतिक कप्तान के रूप में भी नहीं देखता हूं। उन्होंने आईपीएल नहीं जीता है। एक कप्तान उतना ही अच्छा होता है जितना अच्छा उसका रिकार्ड होता है।’’

गंभीर की टिप्पणी हालांकि आईपीएल में एक कप्तान के रूप में कोहली की सफलता के बारे है क्योंकि वह पहले कप्तान हैं जिन्होंने भारत को ऑस्ट्रेलियाई सरजमीं पर टेस्ट श्रृंखला में जीत दिलाई है।

DO NOT MISS