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CM योगी ने संत समाज को अयोध्या आने का दिया निमंत्रण, कहा- 'सारे काम समय पर शुरू हो जाएंगे'

Written By Gaurav Kumar | Mumbai | Published:

जहां एक तरफ पूरा संत समाज राम मंदिर मामले पर केंद्र सरकार के साथ आर-पार के मूड में है. वहीं दूसरी तरफ उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने पूरे संत समाज को अयोध्या में आने का निमंत्रण दिया है. CM योगी आदित्यनाथ ने कहा है कि ''दीपावली की हार्दिक शुभकामनाएं .. संतों को अयोध्या बुलाया है दिवाली के अवसर पर.. सभी आएं और उत्सव में शामिल हों.. सारे काम समय पर शुरू हो जाएंगे इतना आपको बताना चाहता हूं.''

इसके साथ ही योगी आदित्यनाथ ने दीपावली के मौके पर भगवान राम के लिए एक दीपक ​​​​​​​जलाने की बात कही है. इससे पहले योगी आदित्यनाथ ने राजस्थान के बीकानेर में एक रैली के दौरान कहा था कि, 'राम के नाम पर आपकी क्या चाहत है.. आपकी भावनाएं साकार रूप लें.. इसके लिए देशभर में प्रत्येक घर में छह नवंबर को एक दीपक राम नाम का जलना चाहिए, बहुत जल्दी ही काम भी होगा.'

वहीं दिल्ली के तालकटोरा स्टेडियम में राम मंदिर निर्माण को लेकर हजारों की तादाद में संत समाज एकजुट हुआ था. संतों का कहना है कि राम मंदिर निर्माण को लेकर केंद्र सरकार के द्वारा अध्यादेश लाना चाहिए. वहीं इस पूरे मामले में मध्यस्थता कर रहे श्री श्री रविशंकर ने मीटिंग को संबोधित करते हुए इस पूरे विवाद से निपटने के लिए तीन विकल्प सुझाए हैं. श्री श्री रविशंकर ने कहा है कि- 

  • बातचीत करके किसी फैसले पर पहुंचा जाए..
  • सुप्रीम कोर्ट ही मामले में कुछ करे..
  • सरकार को इस मामले में कुछ करना चाहिए

इससे पहले श्री श्री रविशंकर ने मीडिया से बात करते हुए कहा था कि ''ये पूरे देश की चाहत है.. लाखों की तादाद में लोगों को उम्मीदे हैं इसलिए हमें कोई रास्ता निकालना चाहिए..'' बता दें, संत समाज की तरफ से बीजेपी की सरकार पर लगातार दवाब बनाया जा रहा है कि अयोध्या में राम मंदिर बने इसको लेकर केंद्र सरकार त्वरित समाधान लेकर आए.

इससे पहले शनिवार को कई लोगों ने मंच से राम मंदिर के लिए अध्यादेश लाने की मांग की थी. वहीं विश्व हिंदू परिषद के अध्यक्ष आलोक कुमार ने कहा था कि ''हमने केंद्र सरकार से राम मंदिर निर्माण करने के लिए कानून बनाने की बात कही है. संसद के पास अध्यादेश लाने का अधिकार है.. अगर ऐसा नहीं होता है तो संत समुदाय इस पूरे मामले पर आगे क्या करना है विचार करेगा.''