General News

ममता का 70% मुस्लिम छात्रों वाले स्कूलों में डाइनिंग हॉल बनाने का आदेश; BJP ने लगाया तुष्टिकरण का आरोप

Written By Neeraj Chouhan | Mumbai | Published:

पश्चिम बंगाल सरकार ने स्‍कूलों को निर्देश दिया है कि वे मुस्लिम स्‍टूडेंट्स के लिए अलग से मिड-डे मील हॉल रिजर्व करें। लेकिन वो कहते हैं रस्सी जल गई, लेकिन ऐंठन नहीं गई। ममता सरकार पर ये कहावत सटीक बैठती है पश्चिम बंगाल सरकार ने ये फरमान सुनाया है कि मुस्लिम बहुल स्कूलों में अलग से डाइनिंग रूम बनाए जाएं। सरकार के फरमान के मुताबिक, जिन स्कूलों में मुस्लिम बच्चों की संख्या 70 फीसदी से ज्यादा होगी। उन स्कूलों में अलग से डाइनिंग हॉल बनाएं जाएंगे।

इस बारे में ममता बनर्जी ने खुद जानकारी देते हुए लिखा कि सरकार का ये फैसला अल्पसंख्यकों के लिए मिलने वाले फंड के सही इस्तेमाल से जुड़ा है। हम केंद्र सरकार के गाइडलाइंस को फॉलो कर रहे हैं। ये महज एक तकनीकी मामला है, इससे ज्यादा कुछ नहीं।

जिस पर अब विपक्ष ने अपने सुर तीखे कर लिए हैं और ममता बनर्जी की इस स्कीम को तुष्टीकरण की राजनीति करार दिया है। पश्चिम बंगाल के बीजेपी अध्यक्ष दिलिप घोष ने कहा कि  पश्चिम बंगाल सरकार द्वारा यह परिपत्र निंदनीय है। क्या पश्चिम बंगाल बांग्लादेश बन गया है। ममता बनर्जी इसे राजनीतिक लाभ के लिए कर रही हैं। टीएमसी ने बांग्लादेश से bang जय बंगला ’का नारा लगाया है।

बीजेपी सांसद रूपा गांगुली ने कहा कि ममता बनर्जी केवल तुष्टीकरण की राजनीति में लिप्त हैं। वह फूट डालो और राज करो की राजनीति कर रही है और अब बच्चों को भी निशाना बना रही है। यह बहुत गलत है। वे भूल गए हैं कि वे लोगों की सेवा करने के लिए राजनीति में हैं। 

वहीं केंद्रीय मंत्री बाबुल सुप्रियो ने ममता बनर्जी को नसीहत देते हुए कहा कि हिंदु मुस्लिम कर ठीक नहीं। 

ऐसा नहीं है कि ममता बनर्जी वोट के लिए पहली बार मुस्लिम तुष्टिकरण कर रही हैं। मुस्लिम वोट पाने के लिए वो हिंदुओं के धार्मिक मामलों मं भी टांग अड़ाती रही हैं। भारतीय जनता पार्टी के सांसद जीवीएल नरसिम्हा राव ने  

DO NOT MISS