Elections

मोदी सरकार ने अंबानी, अडानी जैसे 15-20 लोगों में लाखों करोडों रूपये बांटे : राहुल गांधी

Written By Press Trust of India (भाषा) | Mumbai | Published:

कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी ने आज आरोप लगाया कि केंद्र की नरेंद्र मोदी सरकार ने पिछले पांच सालों में लाखों करोडों रूपये अंबानी और अडानी समेत केवल 15—20 उद्योगपतियों में ही बांट दिये और किसानों की समस्याओं तथा रोजगार जैसे मुद्दों के निदान के लिये कुछ नहीं किया ।
 
उत्तराखंड की पांचों लोकसभा सीटों पर पहले चरण में 11 अप्रैल को होने जा रहे चुनाव से पहले यहां 'परिवर्तन रैली' को संबोधित करते हुए गांधी ने कहा, ‘'मोदी सरकार ने 15 लोगों के साढे तीन लाख करोड रूपये माफ कर दिए । लेकिन आपको क्या मिला? इस सरकार में कुछ ही लोगों को मिलता है ।’' गांधी ने आरोप लगाया कि पुलवामा में आतंकी घटना वाले दिन देश के छह महत्वपूर्ण हवाई अड्डे अडानी को दे दिये गये । उन्होंने कहा कि पिछले पांच साल में मोदी सरकार ने नीरव मोदी को 35,000 करोड रूपये, विजय माल्या को 10,000 करोड रूपये और मेहुल चोकसी को 35,000 करोड रूपये दे दिये ।
 
'मोदी' सरनेम पर तंज कसते हुए कांग्रेस अध्यक्ष ने कहा कि नीरव मोदी, ललित मोदी, नरेंद्र मोदी, कैसे सब चोरों के नाम मोदी हैं । उन्होंने कहा, 'एक मोदी ने हिंदुस्तान का पैसा मोदियों को दे दिया ।' उन्होंने आरोप लगाया कि नीरव मोदी ने बैंक से 31000 करोड रूपये का ऋण लिया लेकिन रोजगार केवल नाममात्र लोगों को ही दिया ।
 
अपने संबोधन के दौरान गांधी ने कई बार 'चौकीदार चोर है' का नारा लगाया और कहा कि चार साल में 'अच्छे दिन आयेंगे' का नारा 'चौकीदार चोर है' में बदल गया । गांधी ने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी ने देश की दो प्रमुख समस्याओं, किसान और रोजगार, पर झूठ बोलने के सिवाय कुछ भी नहीं किया बल्कि किसान को साढे तीन रूपये प्रतिदिन देकर उनका अपमान किया है । उन्होंने कहा, ‘'केंद्रीय वित्त मंत्री पीयूष गोयल की साढे तीन रूपये प्रतिदिन किसानों को देने की घोषणा पर संसद में भाजपा सांसदों ने पांच मिनट तक तालियां बजाईं । आपको शर्म आनी चाहिए । चोर को तीस हजार करोड रूपये देते हो और किसानों को केवल साढे तीन रूपये और उस पर भी ताली बजवाते हो ।'’ कांग्रेस अध्यक्ष ने घोषणा की कि उनकी पार्टी ने 2019 में केंद्र की सत्ता में आने पर इन दोनों मुद्दों पर ऐतिहासिक कदम उठाने का फैसला किया है जिसमें सभी को गारंटीड न्यूनतम आय दी जायेगी और किसानों के खेत के पास खाद्य प्रसंस्करण इकाइयां लगायी जायेंगी ।
 
अपनी दोनों योजनाओं के बारे में बताते हुए गांधी ने कहा कि सरकार देश के हर व्यक्ति के लिये एक न्यूनतम आमदनी निर्धारित करेगी और जो भी व्यक्ति उस रेखा के नीचे होगा, उसे उस रेखा तक लाने के लिये उसके बैंक खाते में सीधा नकद पैसा स्थानांतरित किया जायेगा ।
 
उन्होंने कहा कि इसी प्रकार पूरे देश में किसान के खेत के पास खाद्य प्रसंस्करण इकाइयां लगायी जायेंगी जिनमें वहां उत्पादित होने वाली फसल का प्रसंस्करण किया जायेगा और किसानों की आमदनी बढेगी। उन्होंने कहा, ‘'अगर आप आलू की खेती करते हैं तो चिप्स बनाने की फैक्ट्री लगेगी, टमाटर उगाते हैं तो केचअप की फैक्ट्री और अगर सोयाबीन की फसल है तो सोयाबीन आयल की ।'’ गांधी ने कहा कि उन्होंने छत्तीसगढ, मध्य प्रदेश और राजस्थान में चुनाव से पूर्व किसानों के कर्ज माफ करने का वादा किया था और वहां कांग्रेस की सरकारें बनने के महज दो दिनों के भीतर सारे किसानों के ऋण माफ हो गये ।
 
उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि किसानों की जमीनों का अधिग्रहण करने के लिये उन्हें बाजार मूल्य से चार गुना पैसा देने का प्रावधान करने वाले कानून को खत्म करने के मोदी सरकार ने तीन बार प्रयास किये और अब अपने सभी मुख्यमंत्रियों को किसानों की जमीन छीनकर उद्योगपतियों को देने के साफ निर्देश दे दिये हैं ।
 
उन्होंने जनता से कहा कि जब प्रधानमंत्री मोदी यहां आयें तो वह उनसे पूछें कि उनकी सरकार जनता की मददगार है या अंबानी और अडानी की ।
 
अपनी पार्टी के सत्ता में आने पर जीएसटी को सरलीकृत करने का भी गांधी ने वादा किया और कहा कि यह जीएसटी एक साधारण और आसान टैक्स होगा । उन्होंने जटिल जीएसटी लागू होने से हुए कष्ट के लिये जनता से प्रधानमंत्री मोदी की तरफ से माफी भी मांगी ।
 
कांग्रेस अध्यक्ष ने प्रधानमंत्री मोदी और भाजपा की देशभक्ति पर भी सवाल खडा किया और कहा कि पुलवामा आतंकी घटना के दिन भी उन्होंने साढे तीन घंटे तक कार्बेट पार्क में विभिन्न प्रकार के पोज देते हुए फोटो खिंचायी और फिर दिन भर देशभक्ति की बातें कीं ।
 
उन्होंने राफेल का मुददा भी उठाया और आरोप लगाया कि कहा कि मोदी सरकार ने राफेल हवाई जहाज बनाने का तीस हजार करोड रूपये का भारी भरकम करार सरकारी एचएएल को परे कर अनिल अंबानी की कंपनी को दे दिया जो करार होने के महज 10 दिन पहले ही अस्तित्व में आयी थी । उन्होंने उसकी राफेल बनाने की क्षमता पर भी सवाल उठाया और कहा कि वह एक कागज का प्लेन बनाकर भी नहीं उडा सकते ।
 
गांधी ने कहा कि मोदी ने फ्रांस की सरकार से सीधे बातचीत कर 70 सालों से हवाई जहाज बनाने का अनुभव रखने वाली सरकारी एचएएल को दरकिनार कर अंबानी को करार दिलवा दिया और एक जहाज की कीमत 526 करोड रूपये से बढकर 1600 करोड रूपये प्रति जहाज कर दिया ।
 
कांग्रेस कार्यकर्ताओं से हर बूथ पर जुट जाने का आह्वान करते हुए गांधी ने उनसे उत्तराखंड से पांचों सीटों पर पार्टी की विजय सुनिश्चित करने को कहा ।
 

DO NOT MISS