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MSME को बिना गारंटी के मिलेगा लोन, कर्मचारियों के EPF पर बड़ा ऐलान, जानें वित्त मंत्री के भाषण की बड़ी बातें

Written By Gaurav Kumar | Mumbai | Published:

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के द्वारा आर्थिक पैकेज के ऐलान के बाद बुधवार को वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने प्रेस कॉन्फ्रेंस की। इस दौरान वित्त मंत्री ने कहा कि, 'प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने आर्थिक पैकेज की घोषणा की है। इसमें सभी वर्गों का ख्याल रखा गया है। पीएम ने देश के लिए एक विजन रखा है। आर्थिक पैकेज से देश आत्मनिर्भर बनेगा। इसे आत्मनिर्भर अभियान नाम इसलिए दिया गया है ताकि भारत आर्थिक उन्नति में आगे बढ़ सके। जनधन अकाउंट के जरिए हमने मजदूरों, गरीबों के खातों में सीधे पैसे डाले। जिससे उन्हें काफी फायदा हुआ।'

वित्तमंत्री ने कहा, लॉकडाउन का जैसे ही ऐलान हुआ उसके तुरंत बाद केंद्र सरकार ने गरीबों के खातों में पैसे भेजे ताकि उन्हें कोई दिक्कत ना हो। गरीबों को अनाज और दालें बांटी गई। दिव्यांग, बुजुर्गों को भी मदद पहुंचाई गई। 

MSME को बिना गारंटी के मिलेगा लोन

निर्मला सीतारमण ने कहा, RBI आने वाले दिनों में बाजार में और पैसा लाएगा। MSME के लिए तीन लाख करोड़ का लोन बिना गारंटी के दिया जाएगा। MSME को फंड्स ऑफ फंड्स का प्रावधान किया गया है जिससे 50 हजार करोड़ की इक्विटी इंफ्यूजन होगी। बिना गारंटी के मध्यम और लघु उद्योग को लोन दिया जाएगा। MSME को E-मार्केट से जोड़ा जाएगा। एमएसएमई को दिये जाने पर कर्ज को लौटाने के लिये एक साल की मोहलत दी जाएगी, दबाव वाले एमसएएमई को 20,000 करोड़ रुपये का (बिना गारंटी के) कर्ज दिया जाएगा, इससे 2 लाख एमएसएमई लाभान्वित होंगे।

निर्मला सीतारमण ने कहा, एनबीएफसी को आंशिक क्रेडिट गारंटी योजना के जरिये 45,000 करोड़ रुपये की नकदी उपलब्ध करायी जाएगी।गैर-बैंकिंग वित्तीय कंपनियों, आवास वित्त कंपनियों और एमएफआई (सूक्ष्म वित्त संस्थान) के लिये 30,000 करोड़ रुपये के धन के उधार की सुविधा।

कर्मचारियों के EPF पर बड़ा ऐलान

वित्त मंत्री सीतारमण ने कहा कि, ईपीएफ के लिए दी गई सहायता अगले तीन महीने के लिए बढ़ाई जा रही है। 15 हजार के कम वेतन वालों का EPF सरकार देगी। EPF में कंपनियों को दो फीसदी की राहत दी जा रही है। कंपनियां 12 फीसदी की जगह 10 फिसदी जमा करेगी। 

नकदी की कमी से जूझ रही है बीजली कंपनियां

वित्त राज्य मंत्री अनुराग ठाकुर ने कहा कि, बिजली वितरण कंपनियों को 90 हजार करोड़ की नकदी दी जाएगी। वहीं निर्माण के काम के लिए 6 महीने तक के लिए रियायत दी जाएगी, निर्धारित समय में किए जाने वाले काम को तय तारीख से 6 महीने के लिए बढ़ा दिया गया है। बिल्डरों को भी मकान पूरा करने के लिए पूरा समय मिलेगा।